Wednesday, April 16, 2014

हस्ताक्षर (Signature) भी भाग्य बदल सकते है.....

हस्ताक्षर (Signature) भी भाग्य बदल सकते
है......
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जिस प्रकार संसार में किन्हीं दो व्यक्तियों के हाथ
की रेखाएँ एक-
सी नहीं होतीं,
उसी प्रकार किन्हीं दो व्यक्तियों के
हस्ताक्षर भी एक-से
नहीं हो सकते। कोई अक्षरों पर
सीधी लाइन खींचता है
तो कोई बिना लाइन के ही अक्षर
लिखता चला जाता है। किसी के अक्षरों पर
टूटती हुई लाईन
बढ़ती चली जाती है
तो किसी के अक्षरों पर लहरियेदार
पंक्ति बनती चली जाती है।
व्यक्ति के हस्ताक्षर उसके
अन्तर्बाह्वा का सजीव प्रतिबिम्ब है, कागज़ पर
अंकित उसका व्यक्तित्व है, जो चिरस्थाई है, अमिट है और
अपने आप में उसके जीवन का सम्पूर्ण इतिवृत्त
समेटे हुए है।
यदि आप भी हस्ताक्षर करते समय कुछ
बातों का ध्यान रखेंगे तो आपकी किस्मत
भी चमक
सकती है।
आज अधिकांश
लोगों की समस्या होती है कि उनके पास
पर्याप्त पैसा नहीं है। दिन-रात मेहनत
करके धन तो खूब कमाते हैं परंतु बचत
नहीं हो पाती और जब
पैसों की सबसे ज्यादा जरूरत होती
है तब कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। क्या आप जानते
हैं धन संबंधी मामलों में
आपके हस्ताक्षर
भी काफी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
गलत तरीके से सिग्नेचर करने पर
दुष्प्रभाव का सामना करना पड़ता है। जबकि जो लोग
सही तरीके से हस्ताक्षर करते हैं
उनकी
किस्मत में चार चांद लग जाते हैं।
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अक्षर व साइन सही कर व्यक्तित्व को आकर्षक
बनाया जा सकता है। ग्राफोलॉजी व
ग्राफोथैरेपी के जरिए आप
अपनी स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं
को भी कम कर सकते हैं व करियर में
भी तरक्की पा सकते हैं।
ग्राफोलॉजी शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है।
'ग्राफो' ग्रीक शब्द है जिसका अर्थ है लिखावट
या राइटिंग और 'लॉजी' शब्द का अर्थ है विज्ञान
की शाखा। 'सिगनेचर' का अर्थ है साइन ऑफ नेचर।
अक्षर व हस्ताक्षर बदलकर व सुधारकर आप कई प्रकार से
लाभान्वित हो सकते हैं। यह
ग्राफोथैरेपी कहलाता है।
आजकल कई बड़ी कंपनियां अपने यहां ग्राफोलॉजिस्ट
रखती हैं। ग्राफोलॉजिस्ट
कर्मचारियों की लिखावट विश्लेषित करके मैनेजमेंट
को सुझाव देते हैं।
ये सुझाव संस्था के लाभ को बढ़ाने में सहायक होते हैं। यदि आप
किसी संस्था में कार्य करते हैं या आपका स्वयं
का व्यापार है तो आप साइन को अधिक दर्शनीय व
सुघड़ बनाकर अपने क्षेत्र में तरक्की पा सकते हैं।
कैसे हो आदर्श साइन :
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* साइन अधिक से अधिक लंबे व सुस्पष्ट हो।
* आप हिन्दी में साइन करें
या अंग्रेजी में,
साइन का पहला अक्षर सबसे बड़ा, अलग व कलात्मक हो।
* साइन को लगभग 45 डिग्री का कोण बनाते हुए
ऊपर की ओर जाते हुए होना चाहिए।
* जितनी लंबी साइन
उतनी ही बराबर लंबी व
समांतर लाइन साइन के नीचे अवश्य
खींचें।
* साइन का कोई भी अक्षर नीचे
वाली लाइन से न काटें।
* साइन करने के बाद या अंत में अनावश्यक बिन्दी न
लगाएं।
* साइन के पहले अक्षर को गोल न करें।
* कभी भी जल्दबाजी में
साइन न करें।
* रोज कम से कम एक पेज जरूर लिखें व अक्षरों को अधिक से
अधिक स्पष्ट व सुन्दर बनाएं।
ग्राफोलॉजी इनमें भी है
उपयोगी :-
* बॉस व मातहतों के संबंध सुधारने में।
* पति-पत्नी के संबंध बेहतर करने में।
* विद्यार्थियों को परीक्षा में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने
में।
* दोस्ती में प्रगाढ़ता बढ़ाने में।
* किसी भी कंपनी में
रिक्रूटमेंट में।
* सही करियर ऑप्शन जानने में।
आज अधिकांश
लोगों की समस्या होती है कि उनके पास
पर्याप्त पैसा नहीं है। दिन-रात मेहनत करके धन
तो खूब कमाते हैं परंतु बचत
नहीं हो पाती और जब
पैसों की सबसे ज्यादा जरूरत होती है
तब कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। क्या आप जानते हैं
धन संबंधी मामलों में आपके हस्ताक्षर
भी काफी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
गलत तरीके से सिग्नेचर करने पर दुष्प्रभाव
का सामना करना पड़ता है। जबकि जो लोग
सही तरीके से हस्ताक्षर करते हैं
उनकी किस्मत में चार चांद लग जाते हैं।

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